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Voice Of Heart : पुकार - अंतर्मन की

तु ही तो है मेरे जीवन की सच्चाई,तु ही मेरा ईश्वर तु ही मेरा सांई।तेरा रहे आशीष तो मैं कुछ भी कर जाऊं,सांई तेरे चरनों में ही सब सुख पाऊं।तेरे ही दम से हर खुशी पायी,तु ही मेरा ईश्वर तु ही मेरा सांई।हर समय तेरा ही आशीष मैं चाहुं,तेरी ही धुली को माथे पे लगाऊं।दर्द हो थोड़ा भी त...
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  September 16, 2015, 9:01 pm
लबों को सीने की तो अब आदत हो चुकी है,पेट भरने की जुस्तजू सियासत हो चुकी है,उन लोगों को क्या इल्जाम दें जो की गैर हैं,यहाँ तो अपनों की ही खिलाफत हो चुकी है।बेईमानी तो अपनों की इबादत हो चुकी है,चूल्हा जलाना भी अब आफत हो चुकी है,रसोई गैस के दामों को रोने वालों समझो,यहाँ कोयले ...
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  August 29, 2012, 10:13 pm
दुआएं अक्सर मशगुल होती हैं,कभी खारिज कभी कुबूल होती हैं।इनको माँगना मेरी आदत नहीं,किस्मतें भी कभी मजबूर होती हैं।गुस्ताखी अक्सर होती हैं हमसे,माफियाँ भी यहाँ पे जरुर होती हैं।हादसों पे अपना कोई काबू नहीं,तेरे जाब्ता जिंदगी मंजूर होती हैं।शायद तेरा एहसान हो मुझ पे,य...
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  August 26, 2012, 11:35 am
बलवान है,प्रचंड है परम,समय है ये।ये है अजेय,है अमर अजर,प्रलय है ये।सजग बड़ा,इसे हर खबर,प्रहरी है ये।समझो इसे,है अजब गजब,समय है ये। ...
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  August 25, 2012, 10:51 pm
तुमको ढूंढा,हर किसी जगह,मिले मुझ में.मिला तुमसे,तो लगा कुछ ऐसा,की हो अपने.एहसास है,या की कोई सपना,तेरा ये साथ. डूब न जाऊं,इस समंदर में,उफ़ ये नैना.हर पल है,तेरे संग ये मन,रहूँ या नहीं....
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  August 21, 2012, 11:50 pm
दिल के झरोखे से कुछ आह्ट सी सुनाई दी,झाँक के देखा तो कुछ भी तो न था वहां पर,इक पल को कुछ ठिठका और फिर ठहरा,शायद वो तुम ही थी.. अरे हाँ तुम ही तो थी ,तुम मेरे चेतन से निकलने वाली आवाज,फिर शायद आज कुछ लिखवाना था तुमको,हाँ याद आया तुम सुबह से खटखटा रही थी,सुबह अखबार की खबरों के साथ ...
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  August 21, 2012, 12:02 am
मन की बात,बने दिन भी रात,हाय जज्बात....
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  August 20, 2012, 12:05 pm
ईद का चाँद,सेंवई की मिठास,हो मुबारक।...
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  August 20, 2012, 12:02 am
घने बदरा,प्यासी भयी ये धरा, खेल गजब।हवा का रुख,लगे बदला कुछ,बरस अब।काला हुआ वो,जो नीला था आकाश,अब देर क्यूँ ?...
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  August 19, 2012, 12:53 am
कहाँ हो तुम,अरे बदरा काले,देर हो चली।..........................गरजता है,पर बरसे नहीं,है बेईमान।..........................बेचैन मन,सुखी प्यासी धरती, है इन्तेजार।...
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  August 17, 2012, 11:47 pm
पगडण्डी किनारे कुछ निहारता सा चला,देखा जो कुछ जहन में उतारता सा चला,मोटी रोटियाँ सिंक रही थी कहीं इंटों पे,तो कहीं कुछ बीड़ियाँ सुलग रही थी,मगर बड़े खुश थे ये जैसे कोई दर्द नहीं,जहाँ से अनजान से वो मस्त से चेहरे,कहीं बर्तन पे चावल भी उबल रहे थे, तो किसी रोटी पर प्याज कटा र...
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  August 17, 2012, 12:11 am
FB's rival has arrived !! NextLevel of Social Networking !!http://www.zurker.in/i-161486-kckzvxubci As u all know, Facebook CEO and Founder Mark Zuckerburg stole the idea of Facebook from twin brothers - Tyler Winklevoss & Cameron Winklevoss from harvard university in 2001.. later on they filed a complaintMark and got 65 million dollarin 2007.. In 2009, the twins started a new project and launched thebeta version in dec 2011.. You can join it now and become a share holder of this website.. Currently there are thousands of member joining this web site in UK alone per day, totally free , new features than Facebook and G+ .. It is expected to rule the future indefinitely.. Facebook ...
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  May 16, 2012, 10:12 am
तुम वक़्त हो,तो क्या डर जाऊं मैं,बीत जाओगे.-------------------------------------इंतेहां ख़त्म,सब्र किया बहुत,जल जाओगे.-------------------------------------जलता जिस्म,ग्रीष्म है अति प्रचंड,कब आओगे.-------------------------------------आकाश देखो,दमक रहा ढीठ,हार जाओगे. ...
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  April 22, 2012, 9:04 pm
कृपया इस पोस्ट को न पढ़ें क्यूंकि .........................................................................................................................................................ये लिखने के बावजूद भी शायद काफी लोग इसे पढने की कोशिश करेंगे, क्या करें गलती आपकी नहीं मानव स्वाभाव की है, जहाँ से दूर रहने को कहो वहीँ ऊँगली करने में मजा आती है. खैर बुरा न मानें मज...
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  April 22, 2012, 9:07 am
प्रचंड ग्रीष्म,ज्यों यौवन प्रगाढ़,हे देव कृपा....
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  April 20, 2012, 2:29 pm
जनाब कभी कभी लगता है की हम दुनिया को बेवकूफ बना रहे हैं या फिर नहीं ये दुनिया सब जानती है और हमे अपनी चालाकी पे इतराता हुआ देख हौले से हंस रही है. पर खैर जो कुछ भी है हमने तो मन बना लिया है छलते हुए इस दुनिया को जीने का. हाँ ठीक है दुनिया जानती है तो क्या?? मै क्या करूं मै तो खुश...
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  April 20, 2012, 10:38 am
सावन की खुशबु,तेरा दीदार,है यही इंतजार..  ...
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  April 15, 2012, 9:51 pm
कहते हैं आइना दूसरी दुनिया का दरवाजा है..मुझे ये दरवाजा बहुत खूबसूरत लगता था..फिर एक दिन तुझको देखा किसी तदबीर मे..और अब वो दुनिया कुछ अजीब लगती है..कहते हैं आइना सब के सच दिखा देता है..मुझे ये सच देखना बहुत पसंद आता था..फिर एक दिन देखा तुझे किसी तकदीर में..और अब वो सच्चाई कुछ ...
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  April 2, 2012, 9:12 pm
बहुत लम्बी दुर्गम डगर है,धकेलती हुई सी चलती भीड़,पता नहीं कहाँ पर दबा हुआ,तब तुझे ही याद करता हूँ,पता है माँ मै बहुत डरता हूँ.तेरे सामने तो जितना बनूँ ,बाहर बहुतों से निपटना है,थक भी जाता हूँ बहुत बार,तब तेरी गोद याद करता हूँ,पता है माँ मै बहुत डरता हूँ.बचपन के दिन अच्छे थे,ब...
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  April 1, 2012, 9:18 pm
बस यूँ ही निकल पड़ा था घर से,एक मनमौजी आवारा मन ले के,बस देखता रहा सड़कों पे चलते हुए,सड़क किनारे बैठी बूढी औरत,न मालुम किसको ढूंढ रही थी,कुछ गुम सा गया था शायद,या शायद वो खुद गुम गयी थी,बस यूँ ही निकल पड़ा था घर से,एक मनमौजी आवारा मन ले के,बस देखता रहा सड़कों पे चलते हुए,कुछ जली ...
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  March 14, 2012, 9:13 pm
क्या मजा है जाने उन्हें याद फरमाने में,भूले तो वो ही थे हमे किसी ज़माने में,कौन कहता है सजा है मोहब्बत अरे सुनो,मजा ही अलग है ख़्वाबों को सजाने में,वादे करना तो कोई दुस्वरियों का काम नहीं,उम्र निकल जाती है पूरी इन्हें निभाने में. किस्से तो अपने भी बने थे किसी वक़्त पे,पर जुब...
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  October 14, 2011, 9:21 am
जीवन के कितने पृष्ठ,कुछ छुए कुछ अनछुए,कैसे इन सबका सार करूं,याद आ जाती है मधुशाला.ग़मों को सह सह टूटी हुई,जग विरोध से रूठी हुई,जैसे कोई सकुची सी बाला,याद आ जाती है मधुशाला.प्रेमियों के मन को संभालती,कुछ टूटे हृदयों को खंगालती, खंडित यादों को भुला डाला,याद आ जाती है मधुशाला....
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  October 5, 2011, 9:03 am
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